नई दिल्ली। 2026 के नए साल की शुरुआत में सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली है। 3 जनवरी को दिल्ली सर्राफा बाजार और वैश्विक स्तर पर सोना और चांदी दोनों ही सस्ते हुए। निवेशकों और सामान्य लोगों के लिए यह एक महत्वपूर्ण खबर है क्योंकि साल की शुरुआत में ही कीमती धातुओं की कीमतों में उतार-चढ़ाव आमतौर पर निवेश के रुख को प्रभावित करता है।
सोने की कीमत में गिरावट
3 जनवरी 2026 को 24 कैरेट गोल्ड की कीमतों में लगभग ₹500 प्रति 10 ग्राम की गिरावट दर्ज की गई। दिल्ली में सोने का रेट अब ₹56,200 प्रति 10 ग्राम पर पहुँच गया है, जबकि पिछले हफ्ते यह ₹56,700 प्रति 10 ग्राम था।
सोने की कीमत में गिरावट के मुख्य कारण:
- वैश्विक डॉलर इंडेक्स में मजबूती: अमेरिकी डॉलर के मजबूत होने से सोने की अंतरराष्ट्रीय कीमतें दबाव में रहीं।
- US फेडरल रिजर्व के ब्याज दर फैसले: बढ़ती ब्याज दरों के चलते निवेशक सोने से बचते हुए बॉन्ड और शेयर में निवेश कर रहे हैं।
- आर्थिक सुधार की उम्मीद: वैश्विक अर्थव्यवस्था में सुधार के संकेतों से सुरक्षित निवेश यानी गोल्ड की मांग घट रही है।
नीचे दिल्ली में 3 जनवरी के सोने के रेट का संक्षिप्त विवरण दिया गया है:
| धातु | 3 जनवरी 2026 रेट (₹/10 ग्राम) | पिछले रेट (₹/10 ग्राम) | बदलाव |
|---|---|---|---|
| 24 कैरेट गोल्ड | 56,200 | 56,700 | -500 |
| 22 कैरेट गोल्ड | 51,800 | 52,200 | -400 |
| 18 कैरेट गोल्ड | 42,200 | 42,500 | -300 |
चांदी की कीमत में गिरावट
सोने की तरह ही चांदी की कीमतों में भी गिरावट देखी गई। दिल्ली में चांदी का रेट अब ₹66,500 प्रति किलो पर पहुँच गया है। पिछले हफ्ते यह ₹67,200 प्रति किलो था।
चांदी की कीमत में गिरावट के पीछे मुख्य वजह वैश्विक स्टील और इंडस्ट्रियल डिमांड में कमी है, क्योंकि चांदी का एक बड़ा हिस्सा औद्योगिक उपयोग में जाता है।
| धातु | 3 जनवरी 2026 रेट (₹/किलो) | पिछले रेट (₹/किलो) | बदलाव |
|---|---|---|---|
| चांदी | 66,500 | 67,200 | -700 |
निवेशकों के लिए सलाह
विशेषज्ञों का मानना है कि सोने और चांदी में यह गिरावट अल्पकालिक है। यदि आप लंबी अवधि के लिए निवेश कर रहे हैं, तो यह गिरावट खरीदारी का अच्छा अवसर हो सकती है।
कुछ टिप्स निवेशकों के लिए:
- सोने में SIP करें: गोल्ड म्यूचुअल फंड या गोल्ड ETF में नियमित निवेश जोखिम को कम करता है।
- चांदी में औद्योगिक डिमांड पर ध्यान दें: चांदी की कीमतें अक्सर इंडस्ट्रियल डिमांड पर निर्भर रहती हैं।
- वैश्विक मार्केट अपडेट देखें: अमेरिकी डॉलर और अंतरराष्ट्रीय सोने की कीमत पर हमेशा नजर रखें।
अंतरराष्ट्रीय मार्केट का प्रभाव
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर, लंदन और न्यूयॉर्क मार्केट में सोने और चांदी की कीमतों में भी गिरावट देखी गई।
- न्यूयॉर्क में गोल्ड की कीमत $1,950 प्रति औंस तक गिर गई।
- चांदी का अंतरराष्ट्रीय रेट $24.50 प्रति औंस पर बंद हुआ।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर अमेरिकी डॉलर मजबूत रहता है और फेडरल रिजर्व की नीतियां कठोर रहती हैं, तो 2026 की पहली तिमाही में सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।
क्या कहता है तकनीकी विश्लेषण?
सोने के तकनीकी चार्ट पर नजर डालें तो कीमत सपोर्ट लेवल ₹56,000 के करीब है। अगर यह स्तर टूटता है तो कीमत में और गिरावट संभव है।
चांदी के लिए सपोर्ट लेवल ₹66,000 है।
विशेषज्ञों का कहना है कि निवेशक इस समय जल्दी फैसले न लें और मार्केट का रुझान देखें।
निष्कर्ष
3 जनवरी 2026 को सोना और चांदी दोनों ही सस्ते हुए हैं। यह गिरावट निवेशकों के लिए अलर्ट का संकेत है। यदि आप लंबी अवधि के लिए सोच रहे हैं, तो यह अवसर खरीदारी का भी हो सकता है।
निवेश से पहले हमेशा मार्केट अपडेट और विशेषज्ञ राय को ध्यान में रखें। सोने और चांदी का बाजार लगातार बदलता रहता है, इसलिए सही समय पर सही फैसला करना जरूरी है।